Android क्या है, इसका इतिहास और भविष्य कैसा है

Android है क्या, ये लगता है की शायद आपको पूछने की जरुरत नहीं. भारत में आज हर घर में Android Phone उपलब्ध है. Android ने बहुत ही कम समय में खुद को अपना को बेहतर बनाकर पूरी दुनिया में एक बहुत ही महत्वपूर्ण Mobile Platform आज के समय में बन गया है. वैसे तो बहुतों लोगो को तो एंड्राइड क्या होता है और इसके अनेक फायेदे क्या हैं के बारे में पता तो होगा लेकिन ऐसे बहुत से लोग हैं जो की एंड्राइड की दुनिया में बिलकुल ही नए हैं और जिन्हें की इसके बारे में कोई भी अतिरिक्त जानकारी नहीं है. ऐसे में ये article उन लोगों के लिए बहुत ही फैयेदेमंद प्रमाण होगा, इसके साथ-साथ जिन्हें थोडा बहुत जानकारी भी है उन्हें भी कुछ नया सिखने को भी मिलेगा.

वैसे तो अगर मै आपसे सच कहूँ तो हम में से बहुत लोग Smartphones का उपयोग आज के दिन में तो करते हैं लेकिन उन्हें ये भी पता नहीं है की उनका Mobile Phone Android है या Windows या iOS का है. इसमें बुरा मानाने वाली कोई बात नहीं लगती है क्यूंकि सब लोग अलग अलग field में आज के दिन में काम करते हैं तो अगर मै एक शिक्षक से लकड़ी काटने को कहूँ तो शायद वो ये काम न कर पायें वैसे ही किसी लकडहारे को पढ़ाने के लिए कहूँ तो वो ये काम नहीं कर सकता. वैसे ही सभी लोगों को Mobiles या Computers के बारे में इतनी साड़ी जानकारी नहीं होती इसीलिए हम Sarkari Parinam की टीम हमेशा से यही चाहती हैं की कैसे उन जरुरतमंदों की Computer, Mobile या Internet के सम्बंधित सारे जानकारी आप तक पंहुचा सकू और हम इस मकसद में आप लोगों के काफी हद तक सहयोग से कुछ तक सफल भी हुए हैं.

उसी सभी उदेश्य को खाश नज़र में रखते हुए आज मै आपलोगों की Android Operating System क्या होती है इसके बारे में आपको पूरी जानकरी देने वाला हूँ जिससे की अगली बार कोई भी आपको Android Phones या Android से संभंधित कोई दूसरी जानकारी भी आपसे पूछे तो आप भी उसे उत्तर देने के काबिल हो सकें. क्योकि मेरा यह मानना है की यदि आपको कोई भी जानकरी पता नहीं है तो इसमें कोई गलत बात नहीं है लेकिन अगर आप कुछ नया जानना ही नहीं चाहते तो इसमें बहुत ही आपके लिए गलत बात है.

एंड्राइड क्या होता है – What is Android in Hindi

Android kya hai

एंड्राइड कोई फ़ोन नहीं होता है और न ही कोई एप्लीकेशन का नाम है, ये एक Operating System के नाम से जानते है जो की linux kernel के ऊपर ही आधारित है. अगर मै इसे आसान भाषा में कहूँ तो Linux एक operating system होती हैं जिसे की मुख्यतः server और desktop computer के इस्तमाल के लिए होता है. तो Android बस एक version है Linux का जिसे की बहुत सारे modification के बाद ही बनाया गया है. हाँ लेकिन ये related है.

Android एक ऐसा Operating System होता है जिसे की design किया गया था Mobile को नज़र में रखते हुए. ताकि इसमें phone की सारी functions और applications को आसानी से उसमे run किया जा सके. आप जो कुछ भी phone के display में आप देखते हैं वो सारे operating system के ही एक भाग होता हैं. जब भी आप कोई call, text message या email को आप पाते हैं तब आपकी OS उसे process करती हैं और आपके सामने readable format में आपके सामने पेश करता है.

Android Operating System को बहुत सारे version में divide कर भी दिया गया है और जिन्हें की आप अलग-अलग के number भी प्रदान किया गया है उनके features, operation, stability के हिसाब से. तो अगर आपने कभी ऐसा भी आपने नाम सुना है की जैसे की Android Lollipop, Marshmallow or Nougat तब में आपको बता दूँ की ये सारे Android OS या Operating System के अलग अलग Version के नाम हैं.

Android Inc. का इतिहास क्या है ?

Android Inc. के original creators जो Andy Rubin, जिन्हें Google ने सन 2005, में ही उसे खरीद लिया था और उसके बाद उन्हें ही Android Development का मुख्य रूप से बना दिया गया था. Google ने Android को इसलिए ख़रीदा क्योकि उन्हें लगा की Android एक बहुत ही नयी और Interesting concept आया सबसे पहले मार्केट में आया है, जिसकी मदद से वो सबसे powerful लेकिन free की operating system भी आसानी से वो अपना नई बना सकते हैं और जो की बाद में सच ही साबित हुआ. Android की मदद से Google को younger audience की अच्छी reach भी उन्हें मिली और इसके साथ Android के बहुत ही अच्छे कर्मचारी भी Google में काम कर रहे है.

> Android Root असल में क्या है
> Android One असल में क्या है
> iOS असल में क्या है

March 2013 की बात करे तो Andy Rubin उसने company को छोड़ने का भी फैसला किया और अपने दुसरे project में काम करने के लिए ठीक भी किया. लेकिन उसके बाद भी Android की स्तिथि में कोई खाश उतार चड़ाव देखने को कभी नहीं मिला और Andy Rubin के खाली जगह को Sundar Pichai द्वारा पूर्ण कर दिया गया. Pichai जो की भारत के ही रहने वाले व्यक्ति हैं इससे पहले वो Chrome OS के वो head हुआ करते थे और उनकी expertise और experience को Google ने उनका अच्छा उपयोग किया इस नए Project में Android एक बेहतरीन Mobile Operating System भी है

माने तो Android एक बहुत ही बेहतरीन Mobile Operating System है

जिसे की इसे Google द्वारा ही बनाया गया है, खाश कर देखा जाये तो Google के द्वारा बनायीं गयी Software जो की आज दुनिया में प्राय सभी Mobile Phones में इसका उपयोग भी किया जाता है. केवल Apple’s iPhones को छोड़कर. Android एक Linux-based software system भी है. जैसे की Linux एक Open Source software भी है और इसके साथ ये बिलकुल कोई Fee भी नहीं है. इसका मतलब ये है की दुसरे Mobile Company भी Android Operating Systems का भी उपयोग कर सकते हैं. इसमें जो distinguishing factor भी होता हैं वो है की इस Brand की kernel version Android के Central Core को host भी करता है जो की essentially एक strip code भी है और जो की हमारे Software को operate होने में काफी मदद करता है.

कितने Versions होते है Android के

निचे लिखे हुए मैंने Android Operating System के अलग-अलग Version के बारे में सारे mention किया हुआ है. ये वो सारे version हैं जिन्हें की वो Android ने अब तक सारे version को निकले हुए हैं. और शायद हम बहुतों का उपयोग से पिछले कुछ सालों से करते आ रहे हैं और इसके बावजूद और अभी भी कर रहे हैं.

  • Android 1.0 Alpha
  • Android 1.1 Beta
  • Android 1.5 Cupcake
  • Android 1.6 Donut
  • Android 2.1 Eclair
  • Android 2.3 Froyo
  • Android 2.3 Gingerbread
  • Android 3.2 Honeycomb
  • Android 4.0 Ice Cream Sandwich
  • Android 4.1 Jelly Bean
  • Android 4.2 Jelly Bean
  • Android 4.3 Jelly Bean
  • Android 4.4 KitKat
  • Android 5.0 Lollipop
  • Android 5.1 Lollipop
  • Android 6.0 Marshmallow
  • Android 7.0 Nougat
  • Android 7.1 Nougat
  • Android 8.0 Oreo
  • Android 8.1 Oreo
  • Android 9.0 Pie
  • Android 10

Android Operation System की Evolution – Android Beta से Pie तक का सफ़र देखे

मेरे सारे ख्याल से आप सभीलोग Android Phones का अभी के समय में उपयोग कर रहे होंगे, या फिर Tablets का भी उपयोग कर रहे होंगे जिसमें की सारे Android Operating System का उपयोग होता हो. मै आपको एक बात बता दूँ की Android का development Google और Open Handset Alliance द्वारा ही किया गया था. उसके बाद Android ने अपना नया-नया versions November 2007 से ही वो release करता आ रहा है. एक ख़ास और interesting बात ये है की Android Versions को एक ख़ास code का name भी दिया जाता है और Alphabetic order में release भी किया जाता है. ये काम सन 2009 के April से ही किया जा रहा है. इसके अलग अलग नाम भी कुछ इसप्रकार शामिल हैं जैसे की Cupcake, Ice cream sandwich, Jelly Bean, KitKat, Lollipop, Marshmallow,Donut, Éclair, Froyo, Gingerbread, Honeycomb, Nougat, Oreo और Pie. से आपको नाम देखकर ये भी पता चल गया होगा की ये दुनियाभर के desserts के ऊपर ही नाम पर रखा गया है.

Android Versions और उनके कितने सारे Features होते है

अब में आप लोगों को सही मै Android Operating System के अलग-अलग versions के विषय में बताने जा रहा हूँ जिससे की आपको ये भी पता चले की अलग-अलग versions में Android ने क्य-क्या वो बदलाव लाये हैं.

Android Beta

ये Android का सबसे पहला version था और जिसे November 2007 में ही release किया गया था.

Android 1.0

ये एंड्राइड का सबसे पहला commercial version था जिसे की September 23, 2008, को इसे release किया गया. इसमें बहुत सी features थी जैसे की Android Market application, zoom, Web browser और plan full HTML, और XHTML web pages, cameras support, access to web email servers Gmail; Google Search; Google Talk; YouTube; Google contacts; Google Calendar; Google maps; Google Sync; Wi-Fi इत्यादि.

Android 1.1

इस एंड्राइड version को “Petit Four” के नाम से भी इसे जाना जाता है और इसे February 9, 2009 में ही इसे release किया गया था. इसमें longer in-call screen timeout की साड़ी सुविधा by default हुआ करती थी जब आप speakerphone का उपयोग करते हैं. तब इसके साथ-साथ इसमें messages की भी attachments को save करने की भी साडी सुविधा भी उपलब्ध थी.

Android 1.5 Cupcake

ये उस समय Android 1.5 version को ही release किया गया जो की April 30, 2009, में और ये Linux kernel 2.6.27 पर based पर बना था. ये वो पहला ऐसा version था जिसे की आप किसी dessert के नाम के ऊपर ही रखा गया था. इस updated version में कई ऐसी सारे सुविधा मुहैया करवाई गयी थी जैसे की आप support for Widgets,video recording and playback, third party virtual keyboard, animated screen transitions आदि और इसके साथ इसमें आप YouTube में Videos और Picasa में Photo upload आसानी से कर सकते थे.

Android 1.6 Donut

इस Verson को September 15, 2009, में ही release किया गया और ये Linux Kernel 2.6.29 पर based बना था. इस version में ऐसे बहुत से सारे features भी थे जैसे की gallery,कैमरा, multilingual speech synthesis, camcorder इत्यादि इसके साथ ये WVGA screen resolutions को भी ये उस समय support करता था.

Android 2.0/2.1 Eclair

एंड्राइड ने October 26, 2009, को Eclair Version को release किया था ,जो की सबसे based था Linux kernel 2.6.29 पर. इसके बदलाव से इसमें कई सारे feature भी उपलब्ध थे जैसे की Exchange email support, expanded Account sync, Bluetooth 2.1 support. इसके साथ इसमें Contacts photo को Tap करके भी आप किसी को call, SMS or email भी उस समय कर सकते थे, इसके साथ इसमें search all saved SMS and MMS की भी सुविधा भी प्राप्त थी. इसके साथ improved typing speed on the virtual keyboard, new camera features, improved google maps 3.1.2 जैसे अन्य सुविधायें भी उपलब्ध की गई थी.

Android 2.2.x Froyo

उस समय Froyo का मतलब ये है की Frozen Yogurt और जिसे May 20, 2010, को ही ये release किया गया था और जो की Linux kernel 2.6.32 के ऊपर पर based था. इसमें कुछ नए additional features भी हुआ करते थे जैसे की improved Microsoft Exchange support, integration of Chrome’s VS JavaScript engine into the Browser application, I improved application launcher, quick switching between multiple keyboards, Wi-Fi hotspot functionality, etc. Froyo में आप Android Cloud to Device Messaging service, Bluetooth enabled car and desk docks, numeric and alphanumeric passwords को भी ये खाश ही support करता था.

Android 2.3.x Gingerbread

उस समय December 6, 2010, मे Gingerbread को release किया गया था, जो की Linux kernel 2.6.35 पर based था. इसमें faster text input in the virtual keyboard, enhanced copy-paste functionality, support for Near Field Communication, extra-large screen sizes, New Download Manager जैसे कई सारी सुविधाएँ भी उपलब्ध थी. इत्यादि. इसके साथ Gingerbread और बहुत सारी चीज़ें को भी support करता था जैसे की improved power management, multiple cameras on the device, concurrent garbage collection अदि.

Android 3.x Honeycomb

इस version के साथ Android 3.0 को February 22, 2011, में ही release किया गया. ये Linux kernel 2.6.36 के ऊपर पर based था. इसमें नया virtual और “holographic” user interface मिला था यूजर को जिसके साथ added system bar, action bar और redesigned keyboard भी attached हुआ करता था. इसके साथ इसमें आप allows multiple browser tabs, provides quick access to the camera, multitasking, support video for chat using Google Talk जैसे अन्य सारे सुविधएं भी उपलब्ध थी.

Android 4.0.x Ice Cream Sandwich

ये बहुत ही पॉपुलर The Ice Cream Sandwich version को publicly released किया गया था October 19, 2011, में। इसका source code को November 14, 2011, में ही उसको उपलब्ध कराया गया था। इस version की मदद से आप आसानी से folders भी बनाया जा सकता था better voice integration, consist of face unlock, separation of widgets in a new tab, integrated screenshot capture, जैसे बहुत सुविधाएँ उपलब्ध थी, इसके साथ इसमें customizable launcher, improved copy and paste functionality, built-in photo editor, an improved camera app with zero shutter lag जैसे सारी सुविधाएँ भी थी। Android 4।0 consist of Android Beam a near field communication feature and support WebP image Formate मे उपलब्ध था ।

Android 4।1 Jelly Bean

इस Google ने Android 4.1 (Jelly Bean) को June 27, 2012, में ही release किया और ये Linux kernel 3.0.31 के ऊपर पर ये based था. इस version का मुख्यरूप से ये उद्देश्य था की कैसे User interface की functionality and performance को आसानी से बढाया जा सके. इस version में कई सारे ऐसे भी features हैं जैसे की offline voice detection, इसके साथ Google Wallet, shortcuts and widgets, multichannel audio, bi-directional text, ability to turn off notifications on apps, Google Now search application, USB audio, audio chaining इत्यादि आये हुए थे.

इसके दुसरे version बात करे तो वो 4.2 उसमें बहुत से नए features भी शामिल था जैसे की नया redesigned clock app और multiple user profiles, Photospheres, Daydream ScreenSavers clock widgets, इत्यादि.

Android 4.4 “KitKat”

इसे Google ने Android 4.4 KitKat को जो की October 2013 में ही इस release किया था, और वो भी Nexus 5 Smartphone के साथ मे
था . ये Google के इतिहास में ऐसा पहली बार ऐसा हुआ की Google ने कोई दुसरे brand के साथ partnership भी किया था और Android mascot के लिए. जी हाँ दोस्तों Google ने बहुत ही बड़ी marketing campaign भी किया Nestle के साथ किया KitKat को promote करने के लिए उन्होंने उसे किया था .
उसमे Company का मुख्य रूप से उद्देश्य ये था की इस नए Operating System को और भी ज्यादा efficient, faster और कम resource intensive बनाना था. ये Operating System low-end hardware और पुराने hardware में भी ये आसानी से चल सकता था जिससे की आप किसी दुसरे manufacturers इसका उपयोग अपने existing models में आसानी से कर सकते थे. इससे उनको ज्यादा encouragement भी मिली. इसमें कुछ बहुत ही ख़ास features भी उपलब्ध थे जिसके बारे में मैंने निचे में सारे को mention किया है.

  • Unified Hangouts app
  • Redesigned Clock and Downloads apps
  • Emoji
  • Productivity enhancements
  • HDR+
  • Google Now in the home screen
  • New Dialer
  • Full-screen apps

Android 5.0 L

जब उस समय Android L release होनेवाला ही था तब इसके नाम को लेकर लोगों में काफी कानाफूसी भी हुई थी कोई इसे Licorice, कोई Lemonhead तो कोई इसे Lollipop का नाम उस समय भी दे रहा था. और जब October 15, 2014, में इसे release किया गया था तब इसका नाम Android Lollipop ही रखा गया. इसमें ऐसे बहुत से features को अपनाया गया जो की पहले इसमें कोई उपलब्ध ही नहीं थे.

  • खाश Material Design, इसके साथ बेहतरीन playful transitions, colourful interfaces और बहुत कुछ भी था .
  • Multitasking को redefined भी उसे कर दिया गया जिससे की और भी बेहतर भी काम कर सकता था
  • Notification में बहुत कुछ भी बदलाव लाया गया था जिससे की आप HomeScreen में ही सारे notification को एक साथ ही आप इसे देख सकते हो और उसे आसानी से आप cancel भी कर सकते हैं.
  • बेहतरीन Battery Life
  • इस mobile Operation System को अब केवल phone तक ही सीमित नहीं किया गया था बल्कि अब Android Wear को भी जयादा बढ़ावा दिया गया था जिससे की आप अपने हाथों में ही इसे सही उपयोग कर सकते थे.

Android 6.0 Marshmallow

उस समय इस Android के version को October 5, 2015, में ही release किया गया. ये दिखने में एकदम पिछले Operating Syatem के बिलकुल जैसा ही था. लेकिन इसमें बहुत ही महत्वपूर्ण बदलाव किये गए थे जो की इसे कुछ अलग काम करता था. ऐसे ही कुछ features के विषय में मैंने निचे mention किया हूँ जिससे की आपको इसके बारे में और अधिक से अधिक जानकारी आपको मिल सके.

  • Google Now on Tap की मदद से आप किसी भी App को बिना पूरी तरह से बंद किये ही आप किसी दुसरे पर भी काम कर सकते हैं. इसमें आपको बस Home button को लम्बे समय तक आपको press करना पड़ता है और Google Now आपके current app के साथ overlay आपने आप हो जायेगा.
  • Cut & Paste में थोडा improvement भी किया गया. जिससे की user को इसके उपयोग में बहुत ही आसानी हो.
  • इसके बाद Voice Search directly Lock Screen से, पहले केवल camera और emergency call ही उपयोग किया जा सकता था पर अब उसके साथ Voice Search भी बहुत ही आसानी से हो सकता है.
  • और खाश बात ये है की बेहतरीन Security
  • App Permission में बहुत कुछ ही बदलाव, जिसमें पहले Users का इसके ऊपर से उसका कोई अधिकार नहीं था मतलब इसे users बदल नहीं सकते थे लेकिन अब इसे आसानी से बदला जा सकता है जिसके लिए आपको पहले Settings > Apps > [tap a particular app] > Permissions यहाँ पर आप कोई भी Features को आसानी से On और Off कर सकते हैं.
  • Google Setting एक ही जगह पर सारे मिल जाते है
  • Smart Lock Passwords के लिए
  • बेहतर Power Saving Options जिसके लिए आपको इस path को सही से follow करना है Settings > Battery > Battery optimization (available via the menu in the top-right corner)
  • नया UI tuner setting
  • इसके साथ आप Quick Setting Menu को भी आसानी से कुछ भी edit कर सकते हैं

Android 7.0 Nougat

इसके बारे में बात करे तो ये Android Nougat को Google’s Pixel (Pixel XL) phones के साथ October 4, 2016 में ही इसे release किया गया. इसमें बहुत से exciting features भी थे जो की पहले के Android Versions में उपलब्ध नहीं थे.

  • Night Light जिसके द्वारा आप रात में भी बारे आसानी से पढ़ सकते हैं बिना किसी तकलीफ के
  • Fingerprint swipe down gesture, इसके लिए आपको बस अपने finger को screen के across swipe करना होता है
  • Daydream VR Mode
  • App Shortcuts
  • Circular app icons support

इसके साथ Google के खाश वो Pixel users के लिए कुछ ख़ास features भी उपलब्ध करवाया गया था. जैसे की

  • Phone/Chat support
  • Pixel Camera app
  • Unlimited original quality video/photo backup to Google Photos.
  • Google Assistant
  • जैसे ही आपका Smart Storage ख़त्म हो जाये वैसे Storage पुराने backup को delete कर देता है वो बारे आसानी के साथ ताकि नया store हो सके
  • Pixel Launcher
  • Quick Switch adapter wired setup के लिए from Android or iPhone.
  • Dynamic calendar date icon.

Android 8.0 OREO

ये बहुत ही बेहतर Android Operating System update उस समय था जिसका जगह नए update ने जगल ले लिए है, अगर में इसके बारे में और कहूँ तब इस Android 8.0 Oreo को August 18, 2017, में ही release किया गया. फिलहाल इसे कुछ ही devices में आप इसका उपयोग कर सकते हो जैसे की Pixel, Nexus 6P, Nexus Player Pixel XL, Nexus 5X, और the Pixel C. और बाकि SmartPhones में 2017 के अंत तक update उपलब्ध करवा दी गई थी . अब चलिए जानते हैं की इस Android की update में ऐसे क्या नया features हैं इसमें .

  • Enhanced Battery Life
  • Picture-in-Picture (PiP) इसके हिसाब से यदि अगर आप कोई movie को देख रहे हों और आपको यदि कोई email भी भेजना है तब आप आसानी से ये काम भी कर सकते हैं
  • Smart Text Selection
  • Notification Dots जिसमें की अगर किसी Apps में कुछ नया notification आया तो वो उसके ऊपर आपका जरूर नज़र आएगा
  • Better Google Assistant
  • New Auto-fill feature
  • Wi-Fi Awareness इससे आपका mobile खुदबखुद एक wifi zone में आने से खुद ही start हो जायेगा
  • वो भी ज्यादा Safe और Secure

Android 9.0 Pie

अभी के समय का सबसे latest Android Operating Syatem update है. इस Android 9.0 Pie Os को August 6, 2018 में officially release किया गया था. इसका नाम Android Pie रखा गया है, और इसमें ऐसे बहुत से नए और exciting features जो की इसे काफी रूप इ ख़ास बनाते हैं.अगर आपके पास एक Pixel का smartphone है, तब आपको Android Pie का सभी updates बड़े आराम से आपको मिलेगा लेकिन केवल digital detox elements को छोड़कर.

दुसरे Android smartphones, जैसे की Vivo, OnePlus, Sony, Xiaomi, Oppo, और Essential को ये updates कुछ महीनों के भीतर ही मिल जायेगा. Google ने खुद बताया है की ये सारी devices उनके Beta programme का हिस्सा ही हैं.

चलिए हम और आप अब आसानी से जानते हैं की इस Android की update में ऐसे क्या नया features हैं.

  • Adaptive Battery: इसमें Adaptive Battery का उपयोग किया गया है, जो की machine learning का उपयोग करता है apps को ठीक ढंग से कार्यक्षम करने के लिए. इसका अलावा Apps का energy-efficient manner तरीके से उपयोग होता है जिससे उन्हें तभी ON किया जाया है जब user उनका उपयोग करे नहीं तो वो inactive condition में रहते हैं.
  • Adaptive Brightness: ये आपके लिए personal preferences के हिसाब से ambient lighting जैसा सर्विस देता है, और ये उन adjustments को background में ही करता है आपके लिए.
  • App Actions: ये बहुत ही नया feature आया है जिसमें की user के app use के ऊपर ही Operating System ये भी predict कर सकता है की आगे आप क्या action लेने वाले हैं. ये App Predictions कर सकता है.
  • Android Dashboard: इसे खास तौर पर user के habits को समझने के लिए ही तैयार किया गया है, जो की आपको meaningful engagement आप प्रदान कर सके. ये आप को ये दिखा सकता है की जैसे आप कितने बार अपने phone को unlock करते हैं, आपने कितने notification को receive किये, आपने कितने apps का उपयोग किया. इसके साथ ये आपको control भी प्रदान करता है की आप कैसे और कब अपने time में इसमें spend कर रहे हैं.
  • App Timer: ये feature आपको ये सारे control को प्रदान करती है की आप कितने समय तक अपने apps का उपयोग करना चाहते हैं, समय के ख़त्म होने पर ये आपको सही समय पर Notification प्रदान करती हैं. ये उन लोगों के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण होने वाला है जो की अपने समय का सही सदुपयोग करना चाहते हैं.
  • Slush Gesture: इस feature से आप अपने phone को turn कर उसे automatically Do Not Disturb mode में भी आप ला सकते हैं.
  • Wind Down Mode: इस feature में आपको बस Google Assistant को अपने सोने के समय के बारे में बताना है और जब वो समय आपका निकट होता है तब ये अपने आप Do Not Disturb turn on कर देता है और आपके screen के greyscale mode को चालू कर देता है.

Android 10

Android 10, Google की latest Mobile Operating System है जो की फिलहाल अभी तक इसे release नहीं की गयी है. Android P के बाद इसमें बहुत से नए features भी add किये गए हैं और साथ में users की safety और security को मुख्य रूप से ध्यान में रखते हुए इसमें नए safety features भी install किये गए हैं.

चलिए इसे अब Android Q के कुछ खास features के बारे में भी जानते हैं.

बेहतर Permissions Controls

बाकि Android Version की तुलना में हमें इसमें काफी बेहतर permission control देखने को भी मिलेंगे जिससे की user को अपने phone के ऊपर ज्यादा ही कुछ control प्राप्त होगा.

ये Foldable phones को जयादा support प्रदान करने वाला है

अभी सुनने में आया है की Samsung और दुसरे compaines जल्द ही foldable phones launch करने ही वाले हैं और ऐसे में उन्हें नए Operating System की भी जरुरत होगी. इसलिए इसे पहले से ही foldable phones के अनुरूप से बनाया गया है.

Faster sharing का होना

इसमें पहले ऑपरेटिंग सिस्टम version के मुकाबले ज्यादा faster sharing भी की जा सकती है. जो की आगे चलकर users के बहुत काम आने वाला है.

Built-in screen recording

इसमें built-in screen recording की सारी सुविधा मुख्य रूप से प्रदान करी गयी है जिससे आसानी से screen recording भी किया जा सकता है.

In-app settings panel

इसमें In-app settings panel में ऐसे बहुत से settings को प्रदान किये गया हैं जो की user की usability को भी आसानी से बढ़ा सकती है.

System-wide dark mode का होना

यह एक बहुत ही प्रतीक्षित ही update थी जो की बहुत सी android users की इच्छा थी. इसलिए उन्होंने नए update में system wide ही dark mode को प्रदान किया है.

Photos के लिए Depth formats

Photos में भी उन्होंने इस बेहतर बनाने के लिए depth formats का उपयोग किया हुआ है जिससे की photos के resolution में काफी हद तक सुधार आ सके.

HDR10+ Support

ये अब HDR10+ को भी support करने वाला है.

नयी theming options

इसमें बहुत सी नयी theming option भी प्रदान किये गए हैं जिससे की अब users आसानी से अपने मनचाही theme का आसानी से चुनाव कर सकें.

बेहतर privacy protections Android में नए फीचर के साथ

जैसे की Android ने पहले से ही वो अपना वादा किया था की वो नए OS की privacy protection को और भी जयादा ही मजबूत करेंगे और उन्होंने ऐसा ही किया है इस नए Operating System के साथ.

क्या Android updates के पैसे लगते हैं?

ये भी जान ले Android Updates को download और install करना एकदम free रहता है. Updates करने से आपके mobile phone में आप बहुत सारे नए features भी आसानी से आप पा सकते हैं. और इसके साथ प्रत्येक updates के साथ आपके Android Phones के Speed और Performance में भी बहुत ही बढ़ोतरी होती है.

Mostly नए और High-end Android Phones में आप सबसे पहले Android के नए updates भी पा सकते हैं. हाँ ये मान लेना चलिए की सभी Android Phones में कम से कम एक Update तो आपको जरुर मिलेगा और हो सकता है की किसी किसी phone में आप दो बार भी updates को पा सकते हैं.

क्या Android’s Biggest Competitors Apple और Windows Phone है

Apple भले ही आपको Android का सबसे बड़ा प्रतिद्वंदी हो लेकिन इसके साथ Windows Phone भी अब इसी race में भी आसानी से शामिल हो गया है. धीरे-धीरे ही सही लेकिन Windows Phone भी अपना पैर पसार ही रहा है और खुद को एक reputable mobile ecosystem के हिसाब से develop भी कर रहा है. माना की अब भी market में लोगों की पहली पसंद Apple और Android phones हैं फिर भी Windows Phone ने Nokia Mobiles में अच्छे camera देकर लोगों में काफी ही उत्सुकता बढ़ानी चाही.

Apple ने दोनों SmartPhone और Tablet industries को एक साथ ही सारे को start किया जब उन्होंने iPhone को 2007 में और iPad को 2010 में ही release किया. इन दोनों ने market में अच्छा ही नहीं बल्कि लोगों द्वारा भी बहुत ही सहारा गया. उसी प्रकार के Android ने भी अपना अच्छा खासा कब्ज़ा पूरी दुनिया में जमाया हुआ है. अगर हम popularity की खाश तौर से बात करें तो अब भी Apple Android की तुलना में ज्यादा अच्छा perform भी कर रहा है. उसी प्रकार अगर उनको ज्यादा popular से कम की क्रमांक में भी रखा जाये तो सबसे पहला नंबर Apple का दूसरा Android का और तीसरे स्थान में Windows को भी रखा जा सकता है.

ये “Open Source” Model ही Android को बहुत ही Unique बनाता है

आज के समय में Android SmartPhones और Tablets का सबसे बड़ा competition में आता है Apple iPhone और iPad. इन दोनों के Operating Systems में जो सबसे बड़ा ही अंतर है वो ये है की Android की Os Open Source और Free है वही Apple’s iOS पूरी तरह से closed है इसका यह मतलब उसमें कुछ भी छेड़ छाड़ नहीं किया जा सकता. उदाहण के तोर में iOS में हम default browser को Safari से Google Chrome भी आप बदल नहीं सकते.

Apple में आपको ये default apps में बहुत restrictions भी होती हैं जिससे की इन्हें उपयोग करने में बड़ी दिक्कत भी आती है और आप इसमें आप कुछ नया try भी नहीं कर सकते. वही Android में Open Source होने से आप इसमें आपकी मनचाहा Apps को उपयोग भी कर सकते हैं. इन दोनों का उपयोग की लड़ाई तो बहुत ही पुरानी है, यहाँ मै आपको एक बात में आप लोगों को बताना चाहता हूँ की ये सब Personal Preference की बात है. बाकि सब आपके ऊपर है की आपको किस प्रकार की SmartPhone का उपयोग करना चाहिए.

Android Meaning in Hindi

वैसे जिस प्रकार से आप Android का अपना नया-नया Products launch कर रहा है और नयी से नयी technology को वो अपना रहा है उस हिसाब से तो Android का भविष्य बहुत ही उज्जवल दिखाई दे रहा है. हाल ही में ही Google ने Smart Watch, Google Glass, Google Cars जैसे की अजीबोगरीब gadgets से अपने भविष्य के बारे में पूर्वानुमान बता ही दिया है. हम आशा करते है की Google के अपने इस ऐतिहासिक कदम में और भी ज्यादा सफल हो. और आम लोगों को मदद के लिए और भी बेहतरीन चीजों का भी रचना करे.

मुझे आपसे पूर्ण आशा और विश्वाश है की मैंने आप लोगों को Android क्या है (What is Android in Hindi) के विषय में पूरी जानकारी दी और में आशा करता हूँ आप लोगों को Android के बारे में बहुत कुछ आपको समझ आ गया होगा. मेरा आप सभी पाठकों से यही गुजारिस है की आप लोग भी इसकी जानकारी को अपने आस-पड़ोस, रिश्तेदारों, अपने मित्रों में काफी Share करें, जिससे की हमारे बिच जागरूकता होगी और इससे आप सबको बहुत ही लाभ होगा. मुझे आप लोगों की सहयोग की काफी आवश्यकता है जिससे मैं और भी नयी जानकारी आप लोगों तक पहुंचा सकूँ.

मेरा हमेशा से यही आपके लिए कोशिश रहा है की मैं हमेशा अपने readers या पाठकों का हर तरफ से आपको हेल्प करूँ, यदि आप लोगों को किसी भी तरह की कोई भी doubt है तो आप मुझे बेझिजक कुछ भी पूछ सकते हैं. मैं जरुर उन Doubts का हल निकलने की कोशिश करूँगा. आपको लोगो को यह लेख Android क्या होता है कैसा लगा हमें comment लिखकर जरूर बताएं ताकि हमें भी आपके विचारों से कुछ सीखने और कुछ सुधारने का खाश मोका मिले.

       “ मेरा भारत देश बदल रहा है आगे को ओर बढ़ रहा है ”

आइये आपसभी भी इस मुहीम में हमारा पूर्णरूप से मेरा साथ दें और देश को बदलने में अपना योगदान जरूर दें.

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